# आदर्श मुळगावकर
सुमंत मूळगावकर भारत के सबसे महान औद्योगिक दूरदर्शियों में से एक थे। यह पाठ बताता है कि एक सच्चा नेता केवल कारखाने नहीं बनाता — वह लोग, व्यवस्थाएँ और मूल्य बनाता है।
मूळगावकर का मानना था कि उद्योग केवल मशीनों और मुनाफे का नाम नहीं है। उसमें अनुशासन, गुणवत्ता और मज़दूरों का सम्मान भी ज़रूरी है। वे हर छोटी-से-छोटी चीज़ पर ध्यान देते थे। उनके लिए हर नट, बोल्ट और मशीन का पुर्जा महत्वपूर्ण था — क्योंकि उनका विश्वास था:
*"छोटी चीज़ों में पूर्णता ही बड़ी महानता बनाती है।"*
वे कभी ला