एक दिन भगवान शिव ध्यान लगा कर बैठे थे। पास ही हनुमान जी पेड़ से पेड़ कूदते हुए खेल रहे थे।
अचानक हनुमान जी का पैर फिसल गया और वो सीधे शिव जी के डमरू पर गिर पड़े। डमरू टूट गया।
हनुमान जी डर गए और चुपचाप पेड़ के पीछे छुप गए।
जब शिव जी ने आंख खोली और डमरू टूटा देखा तो नाराज़ हो गए।
उन्होंने त्रिशूल उठाया और ब…
एक दिन भगवान शिव ध्यान लगा कर बैठे थे। पास ही हनुमान जी पेड़ से पेड़ कूदते हुए खेल रहे थे।
अचानक हनुमान जी का पैर फिसल गया और वो सीधे शिव जी के डमरू पर गिर पड़े। डमरू टूट गया।
हनुमान जी डर गए और चुपचाप पेड़ के पीछे छुप गए।
जब शिव जी ने आंख खोली और डमरू टूटा देखा तो नाराज़ हो गए।
उन्होंने त्रिशूल उठाया और बोले – "ये किसने किया?"
फिर उन्होंने हनुमान जी की पूंछ देख ली।
हनुमान जी बोले – "मैं नहीं था भोलेनाथ!"
शिव जी गुस्से में उनके पीछे भागने लगे।
आखिर में हनुमान जी रोने लगे क्योंकि आपने लाइक और सब्
An tsawaita wannan fayil ɗin sauti.
Maɓallan sauti da aka raba suna ƙarewa bayan sa'o'i 24. Za ka iya ƙirƙirar na kanka a ƙasa!