कुछ समय बाद, वहीं पहुंचे भगवान शिव। उन्होंने अंदर जाने की कोशिश की लेकिन उस छोटे बालक ने हाथ फैलाकर उन्हें रोक दिया। बालक बोला—"मेरी माता की आज्ञा है, बिना अनुमति कोई अंदर नहीं जा सकता।" भगवान शिव हैरान रह गए क्योंकि पहली बार किसी ने उन्हें रोका था। धीरे-धीरे बात बढ़ी और फिर शिव का क्रोध भड़क उठा। क्रोध में आकर उन्होंने अपने त्रिशूल से उस बालक का सिर अलग कर दिया। जब माता पार्वती बाहर आईं तो अपने पुत्र को इस अवस्था में देखकर उनका क्रोध पूरे ब्रह्मांड पर छा गया
"लेकिन क्या उस बालक को फिर से जीवन म