एक छोटा सा गांव था…
जहाँ एक माँ अपने बेटे के साथ रहती थी…
उसने अपनी पूरी जिंदगी… अपने बेटे के लिए कुर्बान कर दी…
खुद भूखी रही… लेकिन उसे कभी भूखा नहीं सोने दिया…
समय बीता… बेटा बड़ा हुआ… शहर चला गया…
और धीरे-धीरे… माँ को भूल गया…
माँ हर रोज दरवाजे पर बैठकर उसका इंतजार करती…
सोचती… आज आएगा…
लेकिन वो दिन… कभी नहीं आया…
एक दिन… गांव में खबर आई…
कि शहर में उसके बेटे का एक्सीडेंट हो गया…
माँ बिना कुछ सोचे… नंगे पैर ही दौड़ पड़ी…
जब वो अस्पताल पहुंची…
तो बेटा रो रहा था…
और पहली बार उसने कहा…
“