आरव बोला —
“कौन सी हवेली?”
रामलाल काका ने जंगल की तरफ इशारा किया।
“वो हवेली… जहां कोई रात में जिंदा वापस नहीं आता।”
समीर थोड़ा घबरा गया।
“सच में?”
काका ने सिर हिलाया।
“आज से करीब 50 साल पहले वहां एक अमीर आदमी रहता था। उसका नाम था ठाकुर हरिराम।”
वह बहुत क्रूर आदमी था।
गांव के लोगों को परेशान करता था।
कहते हैं कि उसने हवेली के अंदर बहुत लोगों को कैद करके रखा था।
एक रात हवेली के अंदर कुछ ऐसा हुआ… जिसके बाद सब कुछ बदल गया।
उस रात जंगल में भयानक चीखें सुनाई दीं।
इतनी डरावनी कि गांव के लोग अपने घरों स