वेदिक नक्षत्र में आपका स्वागत है।
मैं डॉ. पंकज माधव हूँ।
आज हम 27 नक्षत्रों के गहन ज्ञान का अन्वेषण करेंगे। अश्विनी या रोहिणी में चंद्रमा की स्थिति को समझकर हम अपने कर्मों की रूपरेखा को जान सकते हैं।
ज्योतिष के एक विद्वान के रूप में, मेरा उद्देश्य प्राचीन वैदिक विज्ञान को टोक्यो के आधुनिक जीवन से जोड़ना है।
आइए इस सप्ताह के ग्रहों के गोचर पर एक नज़र डालते हैं।