बरसात का मौसम था। गाँव में ठंडी हवा चल रही थी और चारों तरफ हरियाली छाई हुई थी। 🌧️
छोटी रानी अपनी दादी के साथ रसोई में बैठी थी। बाहर बारिश की बूंदें टप-टप गिर रही थीं।
दादी ने कहा, “आज हम गरम-गरम पकौड़े बनाएंगे!”
रानी खुशी से उछल पड़ी। दादी ने चूल्हे पर कढ़ाई रखी, तेल गरम किया और बेसन का घोल तैयार किया।
बारिश की आवाज़ के साथ पकौड़ों की खुशबू पूरे घर में फैल गई।
रानी ने पहली बार दादी की मदद की और पकौड़े तलना सीखा।
दोनों ने गरम पकौड़े और चाय का मज़ा लिया।
बारिश, प्यार और गरम खाना—यही था असली ख